अटल के आदर्शों पर चलकर उत्तराखंड और देश को आगे बढ़ाने का संकल्प

Blog
 Image

 

मसूरी। भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर भाजपा मसूरी मंडल की ओर से तिलक लाइब्रेरी प्रांगण में श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई। भाजपा कार्यकर्ताओं ने अटल बिहारी वाजपेयी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और उनके राजनीतिक जीवन, राष्ट्र निर्माण में योगदान तथा उत्तराखंड के गठन में निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका को याद किया।इस दौरान कार्यकर्ताओं ने ‘अटल बिहारी वाजपेयी अमर रहें’ के नारों के साथ श्रद्धांजलि अर्पित की। वक्ताओं ने कहा कि अटल जी का जीवन राजनीति में विचार, सिद्धांत, लोकतांत्रिक मर्यादा और राष्ट्रहित की मिसाल रहा है। कार्यकर्ताओं ने उनके आदर्शों को आत्मसात कर देश और उत्तराखंड के विकास में योगदान देने का संकल्प लिया। भाजपा नेताओं ने कहा कि उत्तराखंड को अलग राज्य के रूप में पहचान दिलाने में अटल बिहारी वाजपेयी की भूमिका को हमेशा याद किया जाएगा। उनके प्रधानमंत्री कार्यकाल में 9 नवंबर 2000 को उत्तराखंड (तत्कालीन उत्तरांचल) अलग राज्य के रूप में अस्तित्व में आया। वक्ताओं ने कहा कि पहाड़ी क्षेत्रों की भौगोलिक परिस्थितियों और अलग विकास संबंधी जरूरतों को समझते हुए अलग राज्य की मांग को राजनीतिक रूप से निर्णायक दिशा मिलने में अटल सरकार का महत्वपूर्ण योगदान रहा। भाजपा मंडल अध्यक्ष रजत अग्रवाल ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी भाजपा के प्रमुख प्रेरणास्रोत रहे। उन्होंने कहा कि उनके विचारों और संगठनात्मक मूल्यों से प्रेरणा लेकर पार्टी लगातार आगे बढ़ रही है। प्रधानमंत्री के रूप में अटल जी ने देश की सुरक्षा, आधारभूत ढांचे, ग्रामीण सड़क संपर्क और सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में महत्वपूर्ण फैसले लिए। कारगिल युद्ध के दौरान उनके नेतृत्व और पोखरण परमाणु परीक्षण जैसे फैसलों ने भारत की वैश्विक पहचान को मजबूत किया। पूर्व पालिकाध्यक्ष ओपी उनियाल ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी ने करीब चार दशक के राजनीतिक जीवन में सांसद, केंद्रीय मंत्री और प्रधानमंत्री जैसे महत्वपूर्ण दायित्व संभाले, लेकिन सत्ता में रहते हुए भी लोकतांत्रिक मूल्यों और अपनी विचारधारा से समझौता नहीं किया। जनसंघ से भाजपा तक संगठन को मजबूत करने में उनकी भूमिका ऐतिहासिक रही। विधायक प्रतिनिधि एवं पूर्व भाजपा मंडल अध्यक्ष मोहन पेटवाल ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी ऐसे राजनेता थे, जिनका सम्मान राजनीतिक विरोधी भी करते थे। उन्होंने कहा कि अटल जी की सबसे बड़ी विशेषता यह थी कि उन्होंने राजनीति में राष्ट्रहित को सर्वाेपरि रखा और असहमति के बावजूद लोकतांत्रिक संवाद की परंपरा को मजबूत किया। वक्ताओं ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी का योगदान केवल राजनीतिक उपलब्धियों तक सीमित नहीं है। उन्होंने सड़क, संचार, ग्रामीण संपर्क, राष्ट्रीय सुरक्षा और आर्थिक विकास के क्षेत्र में ऐसी नीतियों को आगे बढ़ाया, जिनका प्रभाव लंबे समय तक दिखाई देता रहा।श्रद्धांजलि सभा में कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया कि अटल जी के विचारों और आदर्शों को जनसेवा के माध्यम से आगे बढ़ाया जाएगा तथा उत्तराखंड को विकास, पर्यटन, रोजगार और आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में मजबूत बनाने के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे।इस मौके पर भाजपा मंडल अध्यक्ष रजत अग्रवाल, महामंत्री नरेंद्र मेलवान, पूर्व पालिकाध्यक्ष ओपी उनियाल, पूर्व मंडल अध्यक्ष मोहन पेटवाल, कुशाल राणा, मंडल उपाध्यक्ष अरविंद सेमवाल, गुडमोहन राणा, अनिल सिंह, धनप्रकाश अग्रवाल, शैलेंद्र कर्णवाल, सुनील रतूडी विजय रमोला, गोपाल भारद्वाज, उज्जवल नेगी, मनीष कुकसाल, विजय बिंदवाल, धनप्रकाश, अनिल गोदियाल, सोबन सिंह मेहरा, शिव अरोड़ा आशीष जोशी, विरेन्द्र डोभाल आदि मौजूद रहे।