मसूरी में आगामी मानसून सीजन को देखते हुए नगर पालिका प्रशासन एक्शन मोड में आ गया है। गुरुवार को पालिका अध्यक्ष मीरा सकलानी ने गढ़वाल जल संस्थान, जल निगम, लोक निर्माण विभाग और नगर पालिका के अधिकारियों के साथ मसूरी माल रोड तथा विभिन्न नालों और नालियों का संयुक्त निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बारिश शुरू होने से पहले सभी नाले और नालियां पूरी तरह साफ और अवरोध मुक्त कर दी जाएं। निरीक्षण के दौरान कई स्थानों पर नालों पर अतिक्रमण और गंदगी की समस्या सामने आई। इस पर नाराजगी जताते हुए पालिका अध्यक्ष ने कहा कि बरसात के दौरान जलभराव और भू-क्षरण की घटनाओं को रोकने के लिए नालों की सफाई बेहद जरूरी है। उन्होंने चेतावनी दी कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मीरा सकलानी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान यह भी पाया गया कि कुछ लोगों ने नालों के ऊपर निर्माण कर होटल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान बना दिए हैं, जिससे जल निकासी व्यवस्था प्रभावित हो रही है। ऐसे सभी मामलों में संबंधित होटल स्वामियों को नोटिस जारी किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि पहले स्वयं अतिक्रमण हटाने का अवसर दिया जाएगा, लेकिन निर्धारित समय में कार्रवाई नहीं होने पर नगर पालिका अपने स्तर पर अतिक्रमण हटाएगी। उन्होंने बताया कि कई दुकानदार सड़क किनारे बनी नालियों में कूड़ा-कचरा डाल रहे हैं, जिससे नालियां चोक हो रही हैं और बरसात के दौरान जलभराव का खतरा बढ़ रहा है। ऐसे दुकानदारों को भी नोटिस जारी किए जाएंगे। यदि भविष्य में किसी को नालियों में कूड़ा डालते पाया गया तो उसके खिलाफ नियमों के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी।
पालिका अध्यक्ष ने नगर पालिका अधिकारियों को माल रोड पर अव्यवस्थित तरीके से लटक रही टेलीकॉम और अन्य केबल तारों को तत्काल हटाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि इन तारों के कारण न केवल शहर की सुंदरता प्रभावित होती है, बल्कि यह सुरक्षा की दृष्टि से भी खतरा बनती जा रही हैं। मीरा सकलानी ने कहा कि सरकार और नगर पालिका मसूरी को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाने के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं, लेकिन कुछ लोग और निजी कंपनियां इस प्रयास को नुकसान पहुंचाने का काम कर रही हैं। ऐसे लोगों के खिलाफ अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को माल रोड पर कई स्थानों पर हो रही जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान निकालने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि मानसून शुरू होने से पहले सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि पर्यटकों और स्थानीय लोगों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

